Mission moon chandrayan

लैंडर निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार आज शाम चंद्रमा पर उतरेगा

चेन्नई। देश के तीसरे चंद्रमा मिशन चंद्रयान-3 के बारे में एक शीर्ष अधिकारी ने कहा कि भारतीय अंतरिक्ष एजेंसी बुधवार शाम को अपने चंद्रमा लैंडर को उतारने पर ध्यान केंद्रित कर रही है और किसी भी स्थगन या प्लान-बी पर विचार नहीं कर रही है। भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (इसरो) के अध्यक्ष एस. सोमनाथ ने आईएएनएस को बताया, “जैसा कि मूल योजना थी, बुधवार शाम को लैंडिंग की पुष्टि हो गई है। इस तरह का आत्मविश्वास भरा बयान बताता है कि चंद्रयान के लैंडर की सभी प्रणालियाँ अच्छी तरह काम कर रही हैं।

सोमनाथ से एक वरिष्ठ अधिकारी के उस बयान के बारे में पूछा गया था जिसमें कहा गया था कि यदि लैंडर सिस्टम में कोई समस्या हुई तो लैंडिंग को 27 अगस्त तक के लिए स्थगित कर दिया जाएगा। अधिकारी ने यह भी कहा था, 27 अगस्त को लैंडिंग की स्थिति में, नई लैंडिंग साइट चांद पर मूल लैंडिंग साइट से लगभग 400 किमी दूर होगी। भारतीय अंतरिक्ष एजेंसी ने भी ट्वीट किया है कि मिशन तय समय पर है।

इसरो ने कहा, “सिस्टम की नियमित जांच हो रही है। मिशन ऑपरेशंस कॉम्प्लेक्स (एमओएक्स) ऊर्जा और उत्साह से भरा हुआ है! अगर आखिरी मिनटों में कोई दिक्कत आती है तो इसरो के लिए प्लान बी काम करेगा। इसरो के मुताबिक, मून लैंडर अपने लैंडर पोजिशन डिटेक्शन कैमरा (एलपीडीसी) से लैंडिंग साइट की तस्वीरें खींच रहा है।

यह भी पढ़ें:  चुनाव आयोग : प्रत्याशियों के लिए आरटीपीसीआर टेस्ट या वैक्सीनेशन रिपोर्ट अनिवार्य

एलपीडीसी छवियां ऑनबोर्ड चंद्रमा संदर्भ मानचित्र के साथ मिलान करके लैंडर मॉड्यूल को उसकी स्थिति (अक्षांश और देशांतर) निर्धारित करने में सहायता करती हैं। चंद्रमा लैंडर में एक अन्य कैमरा भी है जिसे लैंडर हैज़र्ड डिटेक्शन एंड अवॉइडेंस कैमरा (एलएचडीएसी) कहा जाता है। यह कैमरा बोल्डर या गहरी खाइयों से मुक्त एक सुरक्षित लैंडिंग क्षेत्र का पता लगाने में सहायता करता है।

महज 600 करोड़ रुपये के चंद्रयान-3 मिशन का मुख्य उद्देश्य चंद्र लैंडर को चंद्रमा की धरती पर सुरक्षित रूप से सॉफ्ट लैंडिंग कराना है। चंद्रयान-3 अंतरिक्ष यान में एक प्रणोदन मॉड्यूल (वजन 2,148 किलोग्राम), एक लैंडर (1,723.89 किलोग्राम) और एक रोवर (26 किलोग्राम) शामिल है।

कुछ दिन पहले लैंडर प्रोपल्शन मॉड्यूल से अलग हो गया और अब दोनों अलग-अलग कक्षाओं में चंद्रमा का चक्कर लगा रहे हैं। इसरो के अनुसार, लैंडर बुधवार शाम 5.45 बजे चंद्रमा पर उतरना शुरू करेगा और टच डाउन शाम करीब 6.05 बजे होगा। विक्रम लैंडर, जो 2019 में चंद्रयान -2 मिशन का हिस्सा था, चंद्रमा पर लैंडिंग के आखिरी चरण में दुर्घटनाग्रस्त हो गया था।

Kolkata News Desk Avatar

Kolkata News Desk

News Editor MA
यह भी पढ़ें:  मेन्टेन्स कार्य की वजह से दो दिन दक्षिण एवं उत्तर सियालदह रूट में लोकल ट्रेन होगी नियंत्रित

कोलकाता और पश्चिम बंगाल की ब्रेकिंग न्यूज, स्थानीय घटनाओं, खेल, राजनीति और सामाजिक मुद्दों की खबरों को कवर करता है। हमारी डेस्क टीम 24×7 सक्रिय रहकर पाठकों को ताज़ा और प्रमाणिक जानकारी उपलब्ध कराती है।

Areas of Expertise: Sports, Politics & West Bengal
यह भी पढ़ें:  कनाडा ने की रूस के खिलाफ नए प्रतिबंधों की घोषणा
Fact Checked & Editorial Guidelines

Our Fact Checking Process

We prioritize accuracy and integrity in our content. Here's how we maintain high standards:

  1. Expert Review: All articles are reviewed by subject matter experts.
  2. Source Validation: Information is backed by credible, up-to-date sources.
  3. Transparency: We clearly cite references and disclose potential conflicts.
Reviewed by: Subject Matter Experts

Our Review Board

Our content is carefully reviewed by experienced professionals to ensure accuracy and relevance.

  • Qualified Experts: Each article is assessed by specialists with field-specific knowledge.
  • Up-to-date Insights: We incorporate the latest research, trends, and standards.
  • Commitment to Quality: Reviewers ensure clarity, correctness, and completeness.

Look for the expert-reviewed label to read content you can trust.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

20 − three =