मालदा | 17 जनवरी, 2026: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार को पश्चिम बंगाल की तृणमूल कांग्रेस सरकार पर तीखा हमला करते हुए कहा कि बड़े पैमाने पर घुसपैठ राज्य की सबसे गंभीर चुनौती बन चुकी है, जिसके चलते मालदा और मुर्शिदाबाद जैसे जिलों में दंगे तक भड़क चुके हैं।
मालदा में एक जनसभा को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि अवैध घुसपैठ ने बंगाल की जनसांख्यिकी को बदल दिया है, और इसके लिए राज्य की सत्तारूढ़ पार्टी जिम्मेदार है।
🛑 “दुनिया घुसपैठियों को बाहर निकाल रही है”
प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि दुनिया के कई विकसित और समृद्ध देश अवैध प्रवासियों की पहचान कर उन्हें देश से बाहर निकाल रहे हैं, और पश्चिम बंगाल में भी यही जरूरी है।

“पश्चिम बंगाल के सामने घुसपैठ एक बहुत बड़ी चुनौती है। दुनिया के समृद्ध देश भी घुसपैठियों को बाहर निकाल रहे हैं। बंगाल से घुसपैठियों को निकालना भी उतना ही जरूरी है।”
🔥 दंगों को घुसपैठ से जोड़ा
प्रधानमंत्री ने दावा किया कि मालदा और मुर्शिदाबाद समेत कई इलाकों में हुई हिंसा की घटनाओं के पीछे घुसपैठ एक बड़ी वजह है।
उन्होंने आरोप लगाया कि तृणमूल कांग्रेस की तथाकथित “सिंडिकेट प्रणाली” अवैध प्रवासियों को बसाने में सक्रिय भूमिका निभा रही है, जिससे कई क्षेत्रों में सामाजिक संतुलन बिगड़ा है।
🤝 मतुआ समाज को भरोसा
मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) को लेकर जारी विवाद के बीच प्रधानमंत्री मोदी ने राजनीतिक रूप से अहम मतुआ समुदाय को विशेष संदेश दिया।
“धार्मिक उत्पीड़न के कारण भारत में शरण लेने वाले मतुआ समाज जैसे शरणार्थियों को चिंता करने की कोई जरूरत नहीं है।”
यह बयान सीधे तौर पर उन आशंकाओं के जवाब में आया, जिनमें शरणार्थी समुदाय वोटर लिस्ट से नाम कटने को लेकर चिंतित हैं।
⚔️ टीएमसी पर ‘गुंडागर्दी की राजनीति’ का आरोप
प्रधानमंत्री ने कहा कि तृणमूल कांग्रेस की धमकी और गुंडागर्दी की राजनीति अब ज्यादा दिन नहीं चलने वाली।उन्होंने यह भी कहा कि पश्चिम बंगाल चारों तरफ से भाजपा शासित राज्यों से घिरा है, जहां सुशासन है। “अब पश्चिम बंगाल की बारी है।”
ताज़ा समाचार और रोचक जानकारियों के लिए आप हमारे कोलकाता हिन्दी न्यूज चैनल पेज को सब्स्क्राइब कर सकते हैं। एक्स (ट्विटर) पर @hindi_kolkata नाम से सर्च कर, फॉलो करें।



