दुर्गापुर। दुर्गापुर हिंदी भाषा मंच का सातवां वार्षिक समारोह सिटी सेंटर स्थित सृजनी मिनी सभागार में संपन्न हुआ। वार्षिक समारोह में इस वर्ष भारतीय भाषाएं एवं रोजगार की संभावनाएं’ विषय पर एक व्याख्यान माला, मंच की वार्षिक पत्रिका समन्वय का लोकार्पण एवं मंच द्वारा आयोजित पश्चिम बंगाल राज्य स्तरीय युवा सृजनात्मक लेखन प्रतियोगिता में शामिल विजयी प्रतिभागियों को नगद राशि और प्रशस्ति पत्र प्रदान कर पुरस्कृत किया गया।
सर्वप्रथम सांस्कृतिक संस्था दुर्गापुर कॉयर की महिला सदस्यों ने आगत अतिथियों और सदस्यों के लिए सामूहिक स्वागत गीत और देशभक्ति गीत प्रस्तुत किए। तत्पश्चात् व्याख्यान हेतु मंच पर उपस्थित प्रसिद्ध कथाकार सृंजय, आसनसोल गर्ल्स कॉलेज के हिंदी विभागाध्यक्ष डॉ. कृष्ण कुमार श्रीवास्तव, टीडीबी कॉलेज के प्राचार्य डॉ. संजीव कुमार पाण्डेय,
राष्ट्रपति शिक्षा सम्मान प्राप्त डॉ. कलिमुल हक के साथ दुर्गापुर हिंदी भाषा मंच के महासचिव सह दुर्गापुर नगर निगम के उपाध्यक्ष धर्मेन्द्र यादव, नवनिर्वाचित उपाध्यक्ष नरेश शर्मा, कवयित्री डॉ. ममता बनर्जी मंजरी, दुर्गापुर कॉयर के संस्थापक अध्यक्ष परिमल दास, मनोज यादव, डॉ. दीपू मंडल, डॉ. आशुतोष तिवारी, सामाजिक कार्यकर्ता सिंटू भुईंया और समन्वयक जे.पी.एन. ओझा ने दीप प्रज्ज्वलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया।

तत्पश्चात मंच के समन्वयक जयप्रकाश नारायण ओझा के द्वारा स्वागत भाषण और महासचिव धर्मेंद्र यादव ने मंच का वार्षिक प्रतिवेदन प्रस्तुत किया। विषय पर व्याख्यान के क्रम में डॉक्टर कलीमुल हक ने वर्तमान समय में शिक्षा के क्षेत्र में कृत्रिम बुद्धिमत्ता की उपयोगिता एवं इसमें रोजगार की संभावनाओं पर बल देते हुए अपना वक्तव्य प्रस्तुत किया।
डॉ. के.के. श्रीवास्तव ने अपने व्याख्यान में आठवीं सूची में शामिल 22 भाषाओं का उल्लेख करते हुए रोजगार की संभावनाओं के नए आयाम पर विस्तार से चर्चा की, डॉक्टर संजीव पांडे ने वर्तमान समय में कृत्रिम बुद्धिमत्ता एवं विभिन्न भारतीय भाषाओं की अन्य प्रांत में रोजगार के क्षेत्र में उपयोगिता स्थापित की।
कथाकार सृंजय ने अपने व्याख्यान में विभिन्न भारतीय भाषाओं के महत्व को स्वीकार करते हुए उसमें रोजगार की संभावनाओं को तलाशा। व्याख्यान के उपरांत अतिथियों और मंच के पदाधिकारियों द्वारा दुर्गापुर हिंदी भाषा मंच की वार्षिक पत्रिका समन्वय के सातवें अंक नारी शक्ति अंक का विमोचन किया गया।
इसके पश्चात “पश्चिम बंगाल राज्य स्तरीय युवा सृजनात्मक लेखन प्रतियोगिता 2025” के विजयी प्रतिभागियों के नाम की घोषणा की गई, जिसमें गद्य विधा के अंतर्गत टीडीबी कॉलेज की स्नातकोत्तर की विद्यार्थी खुशी मिश्रा ने प्रथम, सिलीगुड़ी कॉलेज सिलीगुड़ी स्नातक की विद्यार्थी पलक गुप्ता- द्वितीय एवं कोलकाता, सोदपुर की निधि कुमारी सिंह ने तृतीय स्थान प्राप्त किया।
वही पद्य (कविता) विधा के अंतर्गत सिलीगुड़ी बीएड कॉलेज की विद्यार्थी निशु साहू ने प्रथम, रानीगंज टीडीबी कॉलेज की विद्यार्थी अंजली कुमारी दास ने द्वितीय एवं सिलीगुड़ी की राजनंदिनी राय ने तृतीय स्थान प्राप्त किया। सभी विजयी प्रतिभागियों को पुरस्कार स्वरूप नगद राशि, प्रमाण पत्र एवं “समन्वय” पत्रिका की एक प्रति प्रदान कर सम्मानित किया गया।
इस अवसर पर जितेंद्र पांडे, अमरेंद्र चौबे, जयप्रकाश झा, अनिल कुमार पांडे, सूरज मंडल, श्याम मंडल, संजय मिश्रा, ऋषिकेश कुमार के साथ ही अन्य गणमान्य व्यक्ति विशेष रूप से उपस्थित थे।
मंच के उपाध्यक्ष शंकर प्रसाद गुप्ता ने अपने अध्यक्षीय भाषण एवं डॉ. प्रदीप कुमार यादव ने धन्यवाद ज्ञापन दिया। पूरे कार्यक्रम का बड़े ही कलात्मक एवं रोचक तरीके से शिक्षक दिनेश कुमार राम एवं श्वेता देब ने संचालन किया।
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